आध्यात्मिक लाभ – इस पदयात्रा में संकल्प लेने से क्या मिलेगा?
जो भी भक्त इस सेवा में संकल्प लेते हैं, उनके नाम से तीर्थयात्रा और दान होने के कारण उनकी आत्मा को शुद्धि और मोक्ष का मार्ग मिलता है। शास्त्रों के अनुसार, जो व्यक्ति स्वयं तीर्थ नहीं जा सकता, वह किसी को भेजकर भी उतना ही पुण्य अर्जित करता है।
संकल्प से शक्ति और आध्यात्मिक ऊर्जा:-
जब किसी भक्त का नाम लेकर ब्राह्मण प्रतिदिन भगवान के धाम की यात्रा करता है, तो यह उस व्यक्ति की आध्यात्मिक ऊर्जा को जागृत करता है। इससे व्यक्ति के जीवन में सकारात्मकता और मानसिक शांति का संचार होता है।
- पितरों को लाभ और कुल की उन्नति : शास्त्रों में वर्णित है कि यदि कोई व्यक्ति अपने पूर्वजों के नाम से तीर्थ सेवा करता है, तो उसके पितरों को मोक्ष की प्राप्ति होती है और उसका कुल सात पीढ़ियों तक समृद्ध होता है।
- संकल्प से जुड़े दान और सेवा का पुण्य:- इस पदयात्रा में संकल्प लेने वाले भक्तों के नाम से नियमित रूप से दान और सेवा की जाएगी
- गाय को चारा – गौ सेवा से जीवन में समृद्धि
- कुत्तों को भोजन – संकटों से मुक्ति
- चींटियों को नगरा – पापों का क्षय
- ब्राह्मणों को दान – कुल की उन्नति और आध्यात्मिक प्रगति
- कबूतरों को दाना – मन की शांति और प्रेम की वृद्धि
- मंदिरों में ध्वज और प्रसाद चढ़ाना – ईश्वर की कृपा और इच्छाओं की पूर्ति
- पक्षियों को जल – मानसिक शांति और आशीर्वाद
- भाग्य, कर्म और शुभ फलों की प्राप्ति जो व्यक्ति इस सेवा में संकल्प लेता है, उसके भाग्य में सकारात्मक परिवर्तन आता है, जीवन में अड़चनें दूर होती हैं और उसे दैवीय आशीर्वाद प्राप्त होता है।